HBSE Class 10 Hindi Pre-Board Question Paper 2025 Answer Key

Haryana Board (HBSE) Class 10 Hindi Pre Board Question Paper 2025 Answer Key

HBSE Class 10 Hindi Pre-Board Question Paper 2025 Answer Key

खण्ड – क

1. निम्नलिखित प्रश्नों के यथानिर्दिष्ट उत्तर दीजिए : (2 × 7 = 14 अंक)
(क) तत्पुरुष समास की परिभाषा उदाहरण सहित लिखें।
उत्तर – समास का वह रूप जिसमें द्वितीय पद या उत्तर पद प्रधान हो उसे तत्पुरुष समास कहते हैं। समास करते वक़्त बीच की विभक्ति का लोप हो जाता है। उदाहरण: जलधारा = जल की धारा, देशभक्ति = देश के लिए भक्ति

(ख) उल्लास तथा उज्ज्वल शब्दों का संधि-विच्छेद करें।
उल्लास, उज्ज्वल
उत्तर : उल्लास = उत् + लास
उज्ज्वल = उत् + ज्वल

(ग) मूल शब्द व उपसर्ग अलग कीजिए।
प्रत्येक, अनिच्छा
उत्तर : प्रत्येक = प्रति + एक
अनिच्छा = अन् + इच्छा

(घ) वाक्य की परिभाषा देकर रचना के आधार पर भेदों के नाम लिखें।
उत्तर – एक विचार को पूर्णता से प्रकट करने वाले शब्द-समूह को वाक्य कहते हैं; जैसे अशोक पुस्तक पढ़ता है। रचना के आधार पर वाक्य तीन प्रकार के होते हैं: सरल वाक्य, संयुक्त वाक्य, मिश्र वाक्य।

(ङ) मुहावरों का अर्थ बताकर वाक्य में प्रयोग करें।
आग उगलना, आसमान सिर पर उठाना
उत्तर : आग उगलना – कड़वी बातें कहना
रमेश तो हमेशा आग उगलता रहता है।

असमान सिर पर उठाना – अधिक शोर करना
टीचर के कक्षा से जाते ही बच्चों ने आसमान सिर पर उठा लिया।

(च) (i) यमक अलंकार की परिभाषा दीजिए।
उत्तर – जिस वाक्य में एक ही शब्द की बार पुनरावृति होती है, लेकिन हर बार उसका अर्थ अलग-अलग होता है तो उसे यमक अलंकार कहते हैं। जैसे: कनक-कनक तै सौ गुनी मादकता अधिकाय। इस वाक्य में एक कनक (सोना) और दूसरा कनक (धतूरा) है।

(ii) दोहा छंद की परिभाषा दीजिए।
उत्तर – दोहा एक अर्द्धसममात्रिक छंद है। इसके प्रथम तथा तृतीय चरण में 13-13 तथा द्वितीय एवं चतुर्थ चरण में 11-11 मात्राएं होती हैं। द्वितीय एवं चतुर्थ चरण के अंत में गुरु लघु वर्ण आते हैं, यथा: तुलसी या संसार में मिलयो, सबसों धाये। ना जाने किस रूप में, नारायण मिल जाये।।

(छ) वाच्य किसे कहते हैं? इसके भेदों के नाम लिखिए।
उत्तर – क्रिया के जिस रूप से यह पता चले कि वाक्य में क्रिया को मूल रूप से चलाने वाला कर्ता है, कर्म है या भाव है, उसे वाच्य कहते हैं। जैसे: राम ने खाना खाया।

2. निम्नलिखित में से किसी एक विषय पर निबंध लिखिए। (5 अंक)
(क) करत करत अभ्यास के जड़मति होत सुजान
(ख) विद्यार्थी और अनुशासन
(ग) विज्ञान की देन
(घ) राष्ट्रीय एकता
(ङ) प्रदूषण की समस्या
उत्तर – विवेकानुसार खुद करे।

3. अपने विद्यालय के पुस्तकालय को ओर अधिक उपयोगी बनाने हेतु सुझाव देते हुए प्रधानाचार्य को पत्र लिखिए। (5 अंक)
उत्तर –

सेवा में,
प्रधानाचार्य जी,
मॉडल संस्कृति स्कूल
चरखी दादरी

दिनांक: 25 फरवरी 20xx

विषय : विद्यालय के पुस्तकालय को ओर अधिक उपयोगी बनाने हेतु सुझाव के लिए पत्र

महोदय,
मैं आपके विद्यालय का कक्षा 10वी का छात्र हूँ। मैं स्कूल के पुस्तकालय को ओर अधिक उपयोगी बनाने के लिए कुछ सुझाव आपके सामने प्रस्तुत करना चाहता हूँ जो कि निम्न है: पुस्तकालय की कुछ किताबों को जल्द ही नई जिल्क लगवाने की जरूरत है। विद्यालय के पुस्तकालय में उपयोगी पुस्तकों की व्यवस्था भी की जाए। पुस्तकालय को नई अलमारी की आवश्यकता है। पुस्तकालय में और अधिक बल्ब लगवाने की जरूरत है ताकि पुस्त‌कालय में प्रकाश की उचित व्यवस्था हो सके। एक ऐसे व्यक्ति को काम पर रखने की आवश्यकता है जो किताबों को व्यवस्थित रूप से रख सके। पुस्तकालय में समय-समय पर नई पुस्तकें तथा पत्रिकाएं मंगवाई जाएं।
आशा करता हूँ कि आप मेरे सुझाव पर शीघ्र ही ध्यान देंगे।

आपका आज्ञाकारी शिष्य,
अमित कुमार

अथवा

व्यायाम के महत्त्व को बताते हुए अपने मित्र को पत्र लिखिए। (5 अंक)
उत्तर –

10, प्रेम नगर
चरखी दादरी
25 फरवरी, 20xx

प्रिय मित्र कार्तिक,
मैं तुमसे व्यायाम के महत्व के बारे में बात करना चाहता हूँ। व्यायाम न केवल हमारे शारीरिक स्वास्थ्य के लिए बल्कि हमारे मानसिक स्वास्थ्य के लिए भी महत्वपूर्ण होते हैं।
व्यायाम से हमारा शारीरिक फिटनेस बढ़ता है, हमारी मानसिक स्थिति सुधरती है और हमें सक्रिय रखने में मदद मिलती है। इसलिए, मैं तुमसे अनुरोध करता हूँ कि तुम व्यायाम को अपने जीवन में सम्मिलित करो। तुम्हें जो भी व्यायाम पसंद हो, उसे करो।
मैं उम्मीद करता हूँ कि तुम मेरी बातों को समझोगे और व्यायाम को अपने जीवन में सम्मिलित करोगे।

तुम्हारा मित्र
अर्पित

खण्ड – ख

4. क्षितिज भाग-2 (काव्य-खण्ड) के आधार पर निम्नलिखित बहुविकल्पीय प्रश्नों के उचित विकल्प चुनकर अपनी उत्तर-पुस्तिका में लिखिए : (1 × 6 = 6 अंक)
(i) ‘हमारै हरि हारिल की लकरी’ – यह कथन किसका है?
(क) उद्धव का
(ख) गोपियों का
(ग) कृष्ण का
(घ) राम का
उत्तर – (ख) गोपियों का

(ii) ‘राम-लक्ष्मण-परशुराम संवाद’ कविता की भाषा कैसी है?
(क) अवधी
(ख) ब्रज
(ग) उर्दू
(घ) संस्कृत
उत्तर – (क) अवधी

(iii) ‘गागर रीति’ से कवि किसके खालीपन की बात कह रहा है?
(क) तन
(ख) मन
(ग) घर
(घ) घड़ा
उत्तर – (ख) मन

(iv) ‘अट नहीं रही है’ कविता में पाट-पाट पर क्या बिखरी है?
(क) सुगंध
(ख) चमक
(ग) शोभाश्री
(घ) धूप
उत्तर – (ग) शोभाश्री

(v) कवि को बच्चे की मधुर मुस्कान से किसने परिचित कराया?
(क) पत्नी ने
(ख) पड़ौसी ने
(ग) भाई ने
(घ) पिता ने
उत्तर – (क) पत्नी ने

(vi) ‘संगतकार’ कविता किसकी रचना है?
(क) कमलेश डबराल
(ख) मंगल डबराल
(ग) मंगलेश डबराल
(घ) सुमलेश डबराल
उत्तर – (ग) मंगलेश डबराल

5. निम्नलिखित काव्यांश को पढ़कर पूछे गए प्रश्नों के उत्तर दीजिए : (1 × 5 = 5 अंक)
“बिहसि लखनु बोले मृदु बानी। अहो मुनीसु महाभट मानी।।
पुनि-पुनि मोहि देखाव कुठारु। चहत उड़ावन फँकि पहारू।।”
प्रश्न :
(i) इस काव्यांश के कवि व कविता का नाम लिखिए।
उत्तर : कवि – तुलसीदास, कविता – राम-लक्ष्मण-परशुराम संवाद

(ii) ‘बिहसि’ का क्या अर्थ है?
उत्तर – हंसकर

(iii) कुठार कौन दिखा रहा है?
उत्तर – परशुराम

(iv) फूँकी से पहाड़ कौन उड़ाना चाहता है?
उत्तर – परशुराम

(v) पुनि-मुनि का क्या अर्थ है?
उत्तर – बार-बार

6. निम्नलिखित काव्यांश की सप्रसंग व्याख्या कीजिए : (4 अंक)
“कहीं साँस लेते हो
घर-घर भर देते हो
उड़ने को नभ में तुम
पर-पर कर देते हो”
उत्तर : प्रसंग – प्रस्तुत काव्यांश हमारी हिन्दी की पाठ्य-पुस्तक क्षितिज भाग-2 में संकलित ‘अट नहीं रही है’ कविता से अवतरित है। इसके रचयिता सूर्यकान्त त्रिपाठी निराला हैं।
• व्याख्या – इस काव्यांश में फाल्गुन को सम्बोधित करते हुए कवि कहता है कि हे फाल्गुन! तुम्हारी प्रत्येक साँस से सुगन्धित हवा का झोंका निकलता है, जिससे सारा वातावरण सुगन्धित एवं मादक हो जाता है। प्रत्येक घर रंग-बिरंगे फूलों से आच्छादित है। चारों ओर निराली छटा बिखर रही है। ऐसे मनमोहक वातावरण में पक्षी भी अम्बर में उड़ने के लिए आतुर हैं। वे आसमान में उड़ान भरने के लिए अपने पंखों को फड़फड़ा रहे हैं।

7. (क) ‘संगतकार’ कविता के कवि का साहित्यिक परिचय दीजिए। (3 अंक)
उत्तर – संगतकार कविता के कवि मंगलेश डबराल जी हैं। मंगलेश की कविताओं में सामंती बोध एव पूँजीवादी छल-छद्म दोनों का प्रतिकार है। वे यह प्रतिकार किसी शोर-शराबे के साथ नहीं बल्कि प्रतिपक्ष में एक सुंदर सपना रचकर करते हैं। इसीलिए ने प्रतिपक्ष का कवि कहा जाता है उनकी ‘का बरस नाम में नहीं’ कविता की सभी विशेषताएं देखी जा सकती हैं। मंगलेश डबराल की भाषा सहज, सरल तथा साहित्यिक हिंदी है। उनके काव्य में संस्कृत शब्दावली का भी प्रयोग किया गया है।

(ख) श्रीराम ने परशुराम के क्रोध को शांत करने के लिए क्या किया? (2 अंक)
उत्तर – परशुराम के क्रोध करने पर श्री राम ने धीरज से काम लिया। उन्होंने नम्रता पूर्ण वचनों का सहारा लेकर परशुराम के क्रोध को शांत करने का प्रयास किया। परशुराम जी क्रोधी स्वभाव के थे। श्री राम उनके क्रोध पर शीतल जल के समान शब्दों व आचरण का आश्रय ले रहे थे।

खण्ड – ग

8. क्षितिज भाग-2 (गद्य-खण्ड) के आधार पर निम्नलिखित बहुविकल्पीय प्रश्नों के उचित विकल्प चुनकर अपनी उत्तर-पुस्तिका में लिखिए : (1 × 6 = 6 अंक)
(i) स्वयंप्रकाश को किस पुरस्कार से सम्मानित किया गया था?
(क) ज्ञानपीठ पुरस्कार
(ख) साहित्य पुरस्कार
(ग) मंगलाप्रसाद पुरस्कार
(घ) पदम पुरस्कार
उत्तर – (ख) साहित्य पुरस्कार

(ii) बालगोबिन भगत गंगा स्नान करने किस साधन से जाते थे?
(क) पैदल
(ख) कार से
(ग) रेल से
(घ) बस से
उत्तर – (क) पैदल

(iii) नवाब साहब ने जेब से क्या निकाला?
(क) चाकू
(ख) रूमाल
(ग) कलम
(घ) चश्मा
उत्तर – (क) चाकू

(iii) मन्नू भण्डारी के पिता रसोईघर को क्या कहते थे?
(क) पाठशाला
(ख) गऊशाला
(ग) पागलखाना
(घ) भटियारखाना
उत्तर – (घ) भटियारखाना

(iv) काशी में कलाधर किसे माना गया है?
(क) राम को
(ख) कृष्ण को
(ग) हनुमान को
(घ) शिव को
उत्तर – (ग) हनुमान को

(v) ढाई हजार वर्ष पूर्व सच्चे ज्ञान की खोज में किसने घर छोड़ा था?
(क) राहुल
(ख) सिद्धार्थ
(ग) भैरवी
(घ) नचिकेता
उत्तर – (ख) सिद्धार्थ

9. निम्नलिखित गद्यांश को पढ़कर पूछे गए प्रश्नों के उत्तर दीजिए : (1 × 5 = 5 अंक)
“इस दृष्टि से यह सफल और सराहनीय प्रयास था। केवल एक चीज की कसर थी जो देखते ही खटकती थी। नेता जी की आँखों पर चश्मा नहीं था। यानी चश्मा तो था लेकिन संगमरमर का नहीं था। एक सामान्य और सचमुच के चश्मे का चौड़ा काला फ्रेम मूर्ति को पहना दिया था। हालदार साहब जब पहली बार इस कस्बे से गुजरे और चौराहे पर पान खाने रुके तभी उन्होंने इसे लक्षित किया और उनके चेहरे पर एक कौतुक भरी मुस्कान फैल गई।”
प्रश्न :
(i) पाठ और लेखक का नाम लिखिए।
उत्तर : पाठ – नेता जी का चश्मा, लेखक – स्वयंप्रकाश

(ii) कौन-सा प्रयास सफल था और कैसे?
उत्तर – संगमरमर की मूर्ति बनवाने का क्योकि यह सुंदर थी।

(iii) हालदार साहब को क्या खटक रहा था और क्यों?
उत्तर – संगमरमर का बन चश्मा ना होना बल्कि उसके स्थान पर सामान्य चश्मे का फ्रेम लगाना।

(iv) हालदार साहब ने क्या लक्षित किया और कैसे?
उत्तर – यह लक्षित किया कि उनकी मूर्ति पर संगमरमर का बना हुआ चश्मा न होकर सचमुच का काले फ्रेम का चश्मा लगा हुआ है।

(v) हालदार साहब के चेहरे पर कौतुक भरी मुस्कान फैलने का क्या कारण था?
उत्तर – हालदार साहब के चेहरे पर कौतुक भरी मुस्कान फैलने का कारण यह है कि संगमरमर की बनी मूर्ति की आंखों पर संगमरमर को खोदकर बनाया गया चश्मा न होकर सचमुच के काले फ्रेम के चश्मे को लगाया गया है।

10. यशपाल अथवा यतीन्द्र मिश्र में से किसी एक लेखक का जीवन परिचय देते हुए उनकी रचनाओं, साहित्यिक विशेषताओं व भाषा शैली पर प्रकाश डालिए। (5 अंक)
उत्तर –

यशपाल

• जन्म – यशपाल का जन्म सन् 1903 में पंजाब के फीरोज़पुर छावनी में हुआ।
• शिक्षा – प्रारंभिक शिक्षा काँगड़ा में ग्रहण करने के बाद लाहौर के नेशनल कॉलेज से उन्होंने बी.ए. किया। वहाँ उनका परिचय भगत सिंह और सुखदेव से हुआ। स्वाधीनता संग्राम की क्रांतिकारी धारा से जुड़ाव के कारण वे जेल भी गए।
• रचनाएं – यशपाल की रचनाओं में आम आदमी के सरोकारों की उपस्थिति है। सामाजिक विषमता, राजनैतिक पाखंड और रूढ़ियों के खिलाफ़ उनकी रचनाएँ मुखर हैं। उनके कहानी संग्रहों में ज्ञानदान, तर्क का तूफ़ान, पिंजरे की उड़ान, वा दुलिया, फूलो का कुर्ता उल्लेखनीय हैं। उनका ‘झूठा सच’ उपन्यास भारत विभाजन की त्रासदी का मार्मिक दस्तावेज़ है। अमिता, दिव्या, पार्टी कामरेड, दादा कामरेड, मेरी तेरी उसकी बात, उनके अन्य प्रमुख उपन्यास हैं।
• भाषा शैली – भाषा की स्वाभाविकता और सजीवता उनकी रचनागत विशेषता है। वे यथार्थवादी शैली के विशिष्ट रचनाकार हैं।
• मृत्यु – उनकी मृत्यु सन् 1976 में हुई।

अथवा

यतीन्द्र मिश्र

• जन्म – यतीन्द्र मिश्र का जन्म सन् 1977 में अयोध्या (उत्तर प्रदेश) में हुआ।
• शिक्षा – उन्होंने लखनऊ विश्वविद्यालय, लखनऊ से हिंदी में एम.ए. किया। वे आजकल स्वतंत्र लेखन के साथ अर्द्धवार्षिक सहित पत्रिका का संपादन कर रहे हैं। सन् 1999 में साहित्य और कलाओं के संवर्द्धन और अनुशीलन के लिए एक सांस्कृतिक न्यास ‘विमला देवी फाउंडेशन’ का संचालन भी कर रहे हैं।
• रचनाएं – यतींद्र मिश्र के तीन काव्य-संग्रह प्रकाशित हुए हैं – यदा-कदा, अयोध्या तथा अन्य कविताएँ, ड्योढ़ी पर आलाप। इसके अलावा शास्त्रीय गायिका गिरिजा देवी के जीवन और संगीत साधना पर एक पुस्तक गिरिजा लिखी। रीतिकाल के अंतिम प्रतिनिधि कवि द्विजदेव की ग्रंथावली (2000) का सह-संपादन किया। कुँवर नारायण पर केंद्रित दो पुस्तकों के अलावा स्पिक मैके के लिए विरासत-2001 के कार्यक्रम के लिए रूपंकर कलाओं पर केंद्रित थाती का संपादन भी किया।
• साहित्यिक विशेषताएं – यतींद्र मिश्र ने अपनी रचनाओं के माध्यम से समाज और संस्कृति के अनेक पहलुओं का चित्रण किया है। उन्होंने कविता, संगीत और अन्य ललित कलाओं को समाज के साथ जोड़ा है। उन्होंने समाज के अनेक भावुक प्रसंगों को बड़ी ही सहजता से शब्दों में पिरोया है। उनकी रचनाओं के माध्यम से समाज के निकटता से दर्शन होते हैं।
• भाषा शैली – उनकी भाषा सहज, सरल, प्रवाहमयी, व्यावहारिक भाषा-शैली तथा प्रसंगों के अनुकूल है। उनकी रचनाओं में भावुकता और संवेदना का अद्भुत संगम देखने को मिलता है। कृति को प्रभावशाली बनाने के लिए उन्होंने लोक प्रचलित शब्दों के साथ-साथ सूक्तियों का भी प्रयोग किया है। उर्दू-फारसी, तत्सम तथा उद्भव शब्दों का भरपूर प्रयोग किया गया है।
• मृत्यु – अभी मृत्यु नही हुई है।

11. (क) पुत्र के मरने के पश्चात् बालगोबिन भगत पुत्रवधू को उसके घर क्यों भेजना चाहते थे? (2 अंक)
उत्तर – बालगोबिन भगत ने पुत्र के श्राद्ध की अवधि पूरी होने के बाद अपनी पुत्रवधू को उसके घर भेज दिया था। उनकी जाति में पुनर्विवाह की अनुमति थी। वे अपने घर में जवान विधवा को नहीं रखना चाहते थे। वे नहीं चाहते थे कि वह उनके कारण अपने मन को मारकर उनके साथ रहे।

(ख) वास्तविक अर्थ में ‘संस्कृत व्यक्ति’ किसे कहा जा सकता है? (2 अंक)
उत्तर – जो व्यक्ति अपनी बु‌द्धि अथवा विवेक से किसी नए तथ्य का दर्शन करता है, वही वास्तव में संस्कृत व्यक्ति कहलाता है। ऐसा व्यक्ति मानवता की भलाई के लिए किसी नई चीज़ का आविष्कार करता है। मनुष्य कोई कितनी ही बारीकिया क्यों न जान ले, परंतु संस्कृत कहलाने का अधिकारी नहीं हो सकता। उस सिद्धांत को प्रतिपादित करने वाला ही संस्कृत व्यक्ति होगा। इसलिए अन्य व्यक्ति न्यूटन से ज्यादा सभ्य हो सकते हैं, लेकिन संस्कृत नहीं।

खण्ड – घ

12. कृतिका भाग-2 के आधार पर निम्नलिखित में से किन्हीं दो प्रश्नों के उत्तर दीजिए : (3 + 3 = 6 अंक)
(क) ‘मरदुए क्या जाने कि बच्चों को कैसे खिलाना चाहिए।’ इस पंक्ति में निहित व्यंग्य को स्पष्ट कीजिए।
उत्तर – ‘मरदुए क्या जानें बच्चों को कैसे खिलाना चाहिए।’ इस पंक्ति के माध्यम से लेखक की माँ ने पुरुषों पर व्यंग्य किया है। माँ स्वाभाविक एवं भावनात्मक रूप से बच्चों के साथ जुड़ी होती है। पुरुष की तुलना में माँ का हृदय अधिक वात्सल्यमयी होता है। वह बच्चों की भावनाओं को अच्छी तरह समझती है। बच्चा भूखा रह गया है या उसका पेट भर गया है इस बात को वह भली-भाँति समझती है।

(ख) लोंग स्टॉक में घूमते हुए चक्र को देखकर लेखिका को पूरे भारत की आत्मा एक-सी क्यो दिखाई दी?
उत्तर – लोंग स्टॉक में घूमते हुए चक्र को देखकर लेखिका ने उसके बारे में पूछा तो जितेन नार्गे ने बताया कि यह ‘धर्म-चक्र’ है। इसे घुमाने पर सारे पाप धुल जाते हैं। जितेन की यह बात सुनकर लेखिका ने मन में सोचा कि पूरे भारत की आत्मा एक ही है क्योंकि मैदानी क्षेत्रों में गंगा के विषय में भी ऐसी ही धारणा लोगों के मन में रहती है। इतनी ज्यादा तकनीकी आधुनिकता आ जाने के बावजूद भी समाज के लोगों की आस्थाएँ, विश्वास, मान्यताएं और पाप-पुण्य की अवधारणाएँ एक समान हैं।

(ग) हिरोशिमा पर लिखी कविता लेखक के अंतः व बाह्य दोनों दबाव का परिणाम हैं। यह आप कैसे कह सकते हैं?
उत्तर – यद्यपि जब लेखक जापान घूमने गया था तो हिरोशिमा में उस विस्फोट से पीड़ित लोगों को देखकर उसे थोड़ी पीड़ा हुई परन्तु उसका मन लिखने के लिए उसे प्रेरित नहीं कर पा रहा था। पर जले पत्थर पर किसी व्यक्ति की उजली छाया को देखकर उसको हिरोशिमा में विस्फोट से प्रभावित लोगों के दर्द की अनुभूति कराई।
हिरोशिमा के पीड़ितों को देखकर लेखक को पहले ही अनुभव हो चुका था परन्तु इस ज्वलंत उदाहरण ने उसके हृदय में वो अनुभूति जगाई कि लेखक को लिखने के लिए प्रेरित किया। ये अनुभव उसका बाह्य दबाव था और अनुभूति उसका आंतरिक दबाव जो उसके प्रेरणा सूत्र बने और उस प्रेरणा ने एक कविता लिखने के लिए लेखक को प्रेरित किया।

खण्ड – ङ

13. (1) नैतिक शिक्षा (पाठ्य पुस्तक) के आधार पर निम्नलिखित बहुविकल्पीय प्रश्नों के उचित विकल्प चुनकर अपनी उत्तर-पुस्तिका में लिखिए : (1 × 4 = 4 अंक)
(i) वीणावादिनी से क्या मांगा गया है?
(क) अज्ञान को दूर करना
(ख) अमृत रूपी मंत्र की भावना
(ग) ज्ञान का झरना
(घ) उपर्युक्त सभी
उत्तर – (घ) उपर्युक्त सभी

(ii) अन्तरराष्ट्रीय योग दिवस कब मनाया जाता है?
(क) 20 जून को
(ख) 21 जून को
(ग) 22 जून को
(घ) 25 जून को
उत्तर – (ख) 21 जून को

(iii) प्रकृति हमें प्रेरणा देती है :
(क) कर्म की
(ख) धर्म की
(ग) धन की
(घ) बल की
उत्तर – (क) कर्म की

(iv) लक्ष्मीबाई के पिता का क्या नाम था?
(क) धंधू पंत
(ख) मोरोपंत
(ग) लोकपंत
(घ) तांत्या टोपे
उत्तर – (ख) मोरोपंत

(2) सालिम अली को ‘बर्डमैन ऑफ इण्डिया’ क्यों कहा जाता है? (3 अंक)
उत्तर – सालिम अली भारत के ऐसे पहले व्यक्ति थे जिन्होंने भारत भर में व्यवस्थित रूप से पक्षी सर्वेक्षण का आयोजन किया और पक्षियों पर लिखी उनकी किताबों ने भारत में पक्षी-विज्ञान के विकास में काफी मदद की है। सालिम अली ने अपनी पूरी ज़िन्दगी पक्षियों के लिए लगा दी। कहते हैं कि सालिम अली परिन्दों की जुबान समझते थे और इसी कारण उन्हें “बर्डमैन ऑफ इण्डिया’ कहा गया।

(3) कलकत्ता में प्लेग की महामारी फैलने पर भगिनी निवेदिता ने सेवा कार्यों में क्या योगदान दिया? (3 अंक)
उत्तर – कलकत्ता में प्लेग की महामारी फैलने पर भगिनी निवेदिता ने स्वच्छता सम्बन्धी सारा काम अपने हाथ में ले लिया। उनकी प्रेरणा से अनेक युवक-युवतियाँ प्लेग पीड़ितों की सहायता के लिए घरों से बाहर आ गए। इसका एक सुपरिणाम यह निकला कि सेवा की दिव्य अनुभूति से छुआछूत की सतही भावना भी दूर हो गई।